–सतना में ढाई साल की मासूम से दुष्कर्म शर्मसार करने वाली घटना
— मप्र में पिछले साल 7294 बलात्कार की घटनाएं हुई
–सीएम बताएं, लोगों में वर्दी का खौफ क्यों नहीं
–धरना स्थल पर बड़ी संख्या में महिलाएं रही मौजूद
भोपाल। मध्य प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती विभा पटेल के नेतृत्व में महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य के अलग-अलग जिलों से छोटी-छोटी बच्चियों, लाड़ली बहनों से दुष्कर्म और महिला उत्पीड़न की घटनाओं को लेकर शनिवार को धरना दिया। धरना स्थल पर हुई सभा में श्रीमती विभा पटेल ने कहा कि वर्दी का खौफ नहीं होने से गुरुवार शाम को सतना जिले के मैहर बाईपास सोनौरा पीएम आवास कॉलोनी में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। मामला हैवानियत की हदें पार करने का है। यहां 28 वर्षीय एक युवक ने ढाई साल की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म किया। इस घटना से यह प्रमाणित हो गया है कि अपराधिक मानसिकता वालों में कानून का भय नहीं है। यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है। हालत ये है कि प्रदेश में रोजाना तकरीबन 20 बलात्कार की घटनाएं होने की जानकारी मिलने से मध्य प्रदेश समेत सभ्य समाज शर्मसार होता है। पिछले वर्ष की बात करें तो ऐसी 7294 घटनाएं सामने आई हैं। इससे जाहिर है कि भाजपा का नारी सुरक्षा और नारी सम्मान का दावा खोखला है।
धरना स्थल पर मौजूद महिलाओं ने राज्य की सरकार के खिलाफ नारे लगाएं। यह सरकार विरोधी नारों की तख्तियां भी हाथ में लिए थी। बड़ी संख्या में मौजूद महिलाओं ने नारेबाजी करके अपना आक्रोश जताया। यहां हुई सभा में श्रीमती विभा पटेल ने कहा कि सतना जिले की ताजी घटना प्रदेश में अकेली घटना नहीं है। इसके पहले बीते छह माह में भोपाल में 3 साल की मासूम के साथ उसके आईटी टीचर ने दुष्कर्म किया। हरदा के सिराली में कुरकुरे दिलाने के बहाने 5 साल की बच्ची से रेप की घटना हुई। मुरैना के अंबाह में बकरी चराने गई 9 साल की बच्ची से रेप की घटना हुई। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में लगातार महिलाओं, लाड़ली बहनों और अब छोटी-छोटी अबोध बच्चियों से दुष्कर्म की घटनाएं सामने आ रहीं हैं। इसका बड़ा कारण पुलिस का राजनीतिककरण है तो सत्ता पक्ष से अपराधियों के जुड़े होने के कारण कानून का उन्हें भय नहीं है।
श्रीमती विभा पटेल ने कहा कि डबल इंजन की सरकार ने दुष्कर्मियों को फांसी देने का कानून बनाकर खूब जोर-शोर से प्रचार किया गया था। लेकिन, इसके बावजूद भी अपराधियों में इसका कोई डर दिखाई नहीं देता है। रोजाना किसी न किसी जिले से दुष्कर्म की घटना सुनने को मिल रही है। इसके चलते महिलाओं, लाड़ली बहनों और बच्चियों के लिए मप्र असुरक्षित प्रदेश बनता जा रहा है। इनकी सुरक्षा पर गंभीर खतरा खड़ा हो गया है।
श्रीमती विभा पटेल ने कहा कि यह अत्यंत दुखद है कि भाजपा की डॉ मोहन यादव की सरकार के समक्ष जब महिला सुरक्षा के मामले सामने लाए जाते हैं तो उस पर कार्रवाई करने की बजाय भाजपा के नेता कुतर्क करने पर ज्यादा ध्यान देते हैं। इससे प्रतीत होता है कि भाजपा का नारी सम्मान और सुरक्षा का दावा सिर्फ जुमलेबाजी तक सीमित है। धरना स्थल पर हुई सभा में जिला अध्यक्ष प्रवीण सक्सेना, पार्षद योगेन्द्र सिंह गुड्डू चौहान, महिला कांग्रेस की महासचिव राजलक्ष्मी नायक,लता देवरे, यशोदा पांडे, चंदा चौहान,रत्ना तंत्रपांडे,शोभा चाहंदे,राजकुमारी केवट आदि ने भी अपने विचार रखे।